भारत-श्रीलंका टेस्ट सीरीज का आगाज कल से, स्पिन ट्रैक पर टीम इंडिया के सामने बड़ी चुनौती

नई दिल्ली। भारत और श्रीलंका के बीच दो टेस्ट मैचों की सीरीज का पहला मुकाबला 15 अगस्त से गॉल में शुरू होगा। इसके बाद दोनों टीमें 23 अगस्त से कोलंबो में दूसरे टेस्ट में आमने-सामने होंगी। गॉल टेस्ट भारतीय समयानुसार सुबह 10 बजे शुरू होगा। भारतीय टीम के सामने सबसे बड़ी चुनौती श्रीलंकाई परिस्थितियों और स्पिन गेंदबाजों से निपटने की होगी।

गॉल की पिच पर मैच आगे बढ़ने के साथ स्पिनरों को मदद मिलने की संभावना रहती है। ऐसे में भारतीय बल्लेबाजों की तकनीक और धैर्य की कड़ी परीक्षा होगी। हाल के टेस्ट मुकाबलों में भारतीय बल्लेबाजों को स्पिन के खिलाफ संघर्ष करना पड़ा है। न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में मिली निराशा के बाद टीम इंडिया अब श्रीलंका दौरे पर वापसी की कोशिश करेगी।

गंभीर के लिए भी अहम होगा दौरा

श्रीलंका के खिलाफ यह टेस्ट सीरीज मुख्य कोच गौतम गंभीर के लिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। सीमित ओवरों के क्रिकेट में टीम इंडिया ने उनके कार्यकाल में कई बड़ी सफलताएं हासिल की हैं, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में प्रदर्शन उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा है।

विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के मौजूदा चक्र में भारत को अब अपने बचे हुए मुकाबलों में लगातार बेहतर प्रदर्शन करना होगा। ऐसे में श्रीलंका दौरा टीम के लिए अपनी टेस्ट रणनीति को मजबूत करने का अहम अवसर है।

गॉल में आसान नहीं होगी राह

गॉल में श्रीलंका का रिकॉर्ड मेहमान टीमों के लिए चिंता का विषय रहा है। यहां घरेलू टीम को स्पिन गेंदबाजों का फायदा मिलता रहा है। मुथैया मुरलीधरन और रंगना हेराथ के दौर के बाद भी श्रीलंका के पास प्रभात जयसूर्या और रमेश मेंडिस जैसे प्रभावी स्पिनर मौजूद हैं।

भारतीय बल्लेबाजों के लिए इन दोनों से निपटना बड़ी चुनौती होगी। टीम इंडिया के पास हालांकि श्रीलंका में अच्छे प्रदर्शन का अनुभव है। 2017 में विराट कोहली की कप्तानी में भारत ने श्रीलंका को टेस्ट सीरीज में 3-0 से हराया था।

गिल की कप्तानी में नई शुरुआत

शुभमन गिल की अगुआई वाली मौजूदा भारतीय टीम में अनुभवी खिलाड़ियों के साथ कई युवा चेहरे भी शामिल हैं। कप्तान गिल खुद बल्लेबाजी क्रम में टीम के लिए अहम भूमिका निभाएंगे। उनके अलावा केएल राहुल, यशस्वी जायसवाल और देवदत्त पडिक्कल से बड़ी पारियों की उम्मीद होगी।

साई सुदर्शन के चोटिल होने के बाद पडिक्कल के नंबर तीन पर उतरने की संभावना मजबूत हुई है। अभ्यास मैच में शतक लगाकर उन्होंने अपनी दावेदारी भी मजबूत की है।

जुरेल या सरफराज पर नजर

मध्यक्रम में ध्रुव जुरेल और सरफराज खान के बीच चयन को लेकर भी चर्चा है। हालिया प्रदर्शन को देखते हुए टीम प्रबंधन जुरेल को मौका दे सकता है। ऋषभ पंत से भी टीम को बड़ी पारी की उम्मीद होगी। श्रीलंकाई स्पिनरों के खिलाफ मध्यक्रम का प्रदर्शन मैच का रुख तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

तीन स्पिनरों के साथ उतर सकती है टीम इंडिया

गॉल की परिस्थितियों को देखते हुए भारत तीन बाएं हाथ के स्पिनरों—रवींद्र जडेजा, कुलदीप यादव और मानव सुथार—के साथ मैदान में उतर सकता है। गेंदबाजी कोच मोर्ने मॉर्कल भी इस संयोजन को उपयोगी बता चुके हैं।

तेज गेंदबाजी में मोहम्मद सिराज का खेलना लगभग तय माना जा रहा है। उनके साथ प्रसिद्ध कृष्णा या गुरनूर बराड़ में से किसी एक को मौका मिल सकता है। अंतिम फैसला मैच के दिन लिया जाएगा।

श्रीलंका भी भारत को देने की कोशिश करेगा कड़ी टक्कर

मेजबान श्रीलंका भी इस सीरीज में मजबूत चुनौती पेश करना चाहेगा। टीम लंबे अंतराल के बाद टेस्ट क्रिकेट खेल रही है और कप्तान धनंजय डिसिल्वा पर टीम को एकजुट रखने की जिम्मेदारी होगी।

भारत और श्रीलंका दोनों ही टेस्ट क्रिकेट में खुद को मजबूत स्थिति में लाने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे में गॉल में होने वाला पहला मुकाबला दोनों टीमों के लिए सीरीज की दिशा तय करने वाला साबित हो सकता है।

भारत का स्क्वॉड: शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल (उपकप्तान), यशस्वी जायसवाल, ऋषभ पंत, ध्रुव जुरेल, रवींद्र जडेजा, कुलदीप यादव, मानव सुथार, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, गुरनूर बरार, देवदत्त पडिक्कल, सारांश जैन, आकिब नबी और सरफराज खान।

श्रीलंका का स्क्वॉड: धनंजय डिसिल्वा (कप्तान), लाहिरू उदारा, निशान मदुश्का, कामिंदु मेंडिस, दिनेश चांदीमल, पासिंदु सूरियाबंडारा, सोनल दिनूषा, निरोशन डिकवेला, रमेश मेंडिस, प्रभात जयसूर्या, केशारा नुवंथा, मिलन रत्नायके, असिथ फर्नांडो, लाहिरू कुमारा, विश्व फर्नांडो और दिलशान मदुशंका।